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ई-कॉमर्स खरीदारी में सस्टेनेबिलिटी पर महत्वपूर्ण रूप से जोर; फेडेक्स के नए शोध का खुलासा, 83% भारतीयों द्वारा ऐसी कंपनी के सामान खरीदे जाने की अधिक संभावना है जिसकी ईएसजी रणनीति स्पष्ट है

ई-कॉमर्स खरीदारी में सस्टेनेबिलिटी पर महत्वपूर्ण रूप से जोर; फेडेक्स के नए शोध का खुलासा, 83% भारतीयों द्वारा ऐसी कंपनी के सामान खरीदे जाने की अधिक संभावना है जिसकी ईएसजी रणनीति स्पष्ट है

भारत, 18 नवंबर, 2022 (GNI): दुनिया की सबसे बड़ी एक्सप्रेस ट्रांसपोर्ट कंपनीFedEx Express द्वारा कराए गए नए शोध से पता चला है कि कोविड महामारी के दौरान ई-कॉमर्स को अपनाने वाले छोटे और मध्यम उद्यम (एसएमई) उस महत्व को कम आंक रहे हैंजो उपभोक्ताओं द्वारा अब उनके खरीद निर्णय लेने में स्थिरता (सस्टेनेबिलिटी) को दिया जा रहा है।

सर्वेक्षण में शामिल पचहत्तर प्रतिशत भारतीय एसएमई ने कहा कि उनके ग्राहक सस्टेनेबल खरीदारी के बजाय जल्द से जल्द अपना सामान प्राप्त करने में अधिक रुचि रखते हैं। लगभग समान संख्या में 80% एसएमई के अनुसारजितना संभव हो उतना सस्ता माल प्राप्त करना ग्राहकों के लिए अधिक महत्वपूर्ण है। उपभोक्ताओं की राय जानने के बाद पता चलता है कि वास्तविकता बहुत अलग है।

ह्वाट इज नेक्स्ट इन ई-कॉमर्स सर्वेक्षण में जुलाई 2022 में भारत, और एशिया प्रशांतमध्य-पूर्व और अफ्रीकी क्षेत्र (एएमईए) के 10 अन्य बाजारों के एसएमई और उपभोक्ताओं को शामिल किया गया। सर्वेक्षण के जरिए क्षेत्र में ई-कॉमर्स के निरंतर विकास का पता लगाने और उन रुझानों की पहचान करने की कोशिश की गई जो उनके भविष्य के विकास को बढ़ावा दे सकते हैं।

महत्वपूर्ण निष्कर्ष: उपभोक्ता सस्टेनेबिलिटी और शीघ्रता दोनों ही चाहते हैं

कोविड-19 महामारी के दौरान ई-कॉमर्स काफी तेजी से बढ़ा क्योंकि पर्यावरण को लेकर उपभोक्ताओं की चिंताएँ लगातार बढ़ रही थीं। बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं ने धरती के भविष्य को सर्विपरि माना है, और वे इस संबंध में कोई समझौता नहीं करना चाहते – वे सस्टेनेबिलिटी और शीघ्र डिलिवरी दोनों ही चाहते हैं। भारत में, सर्वेक्षण में शामिल 70% लोगों ने अपना सामान जल्दी से प्राप्त करने में उतनी ही रुचि दिखाई, जितनी कि उन्होंने ऑनलाइन शॉपिंग प्रक्रिया के दौरान सस्टेनेबिलिटी को लेकर दिखाई।

ताइवान, हांगकांग, मलेशिया की तुलना में भारत के उपभोक्ताओं ने सस्टेनेबिलिटी को अधिक प्राथमिकता दी, जबकि अन्य देशों के उपभोक्ताओं का इसके विपरीत डिलीवरी लीड टाइम पर अधिक जोर देने की संभावना रखते हैं।

शोध से पता चलता है कि भारत में दस में से नौ उपभोक्ता उम्मीद करते हैं कि एसएमई सस्टेनेबल तरीके से काम करेंगे एवं उन्हें और अधिक कारोबार मिलने की संभावना है। दस में से आठ उपभोक्ता प्रभावी पर्यावरण, सामाजिक और प्रशासन (ईएसजी) रणनीति वाली कंपनियों से खरीदारी करना पसंद करते हैं – जबकि वास्तविकता यह है कि केवल 38% एसएमई के पास ही ईएसजी रणनीति है। एसएमई स्वीकार करते हैं कि उपभोक्ता उनसे सस्टेनेबल तरीके से व्यवसाय चलाने की उम्मीद करते हैं, लेकिन अधिकांश (74%) को या तो इससे संबंधित लागत का डर है या वो इस बात से असहमत हैं कि इस क्षेत्र में किसी भी निवेश का रिटर्न मिल पाएगा।

डिलिवरी के प्रति अधिक सस्टेनेबल दृष्टिकोण

FedEx Express के प्रेसिडेंट – एशिया प्रशांत, मध्य पूर्व और अफ्रीका (एएमईए), कवल प्रीत ने बताया, “ई-कॉमर्स व्यवसायों को बढ़ाने में रुचि रखने वाले एसएमई के लिए सस्टेनेबिलिटी अब अनावश्यक नहीं रह गया है। उपभोक्ता तेजी से इसे अपनी निर्णय लेने की प्रक्रिया के एक आवश्यक हिस्से के रूप में देखते हैं जिसको लेकर वो कोई भी समझौता नहीं करना चाहते हैं। एसएमई अपनी आपूर्ति श्रृंखला को संपूर्ण रूप से लक्षित उपभोक्ता से जोड़ने वाले लॉजिस्टिक्स के बारे में विचार करके तत्काल अंतर ला सकते हैं। FedEx में, हम धरती पर डिलिवरी के प्रभाव को कम करने के लिए पहले से ही ठोस कदम उठा रहे हैं।”

FedEx Express के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट – मध्य पूर्व, भारतीय उपमहाद्वीप और अफ्रीकी परिचालन, कामी विश्वनाथन ने कहा, “आज, पर्यावरण के प्रति उपभोक्ताओं की जागरूकता किसी भी ब्रांड को उनके समझने के तरीके पर मजबूत प्रभाव डालती है, जिससे व्यवसायों के लिए प्रभावी ईएसजी रणनीति को अपनाना अनिवार्य हो जाता है। सही रसद प्रदाता के साथ सहयोग सहित स्थिरता-केंद्रित भागीदारों के साथ काम करना, भारत में एसएमई के लिए जलवायु परिवर्तन के प्रभाव को नियंत्रित करने में बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। FedEx में, हम दुनिया को जिम्मेदारीपूर्वक और संसाधन संपन्नता के साथ जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध हैं और एक अधिक सस्टेनेबल आपूर्ति श्रृंखला पारिस्थितिकी तंत्र प्रदान करने की दिशा में लगातार काम कर रहे हैं।

FedEx वर्ष 2040 तक कार्बन न्युट्रल वैश्विक परिचालन हासिल करने के लक्ष्य के साथ डिलिवरी साइकल में कार्बन उत्सर्जन को कम करने के लिए विभिन्न तरीके अपना रहा है। इसमें लास्ट माइल डिलिवरीज में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स में निवेशऔर डिजिटल समाधान जैसे कि शिप मैनेजर ® लाइट शामिल हैं जिसके माध्यम से उपभोक्ता अपने मोबाइल डिवाइस का उपयोग करके अपनी शिपिंग संबंधी जानकारी भरकर लेबल जेनरेट कर सकते हैं और ज़ीरो पेपर एयर वे-बिल्स के हमारे लक्ष्य को हासिल करने में समर्थन दे सकते हैं। इसके अलावाFedEx शिपिंग प्रक्रिया में कचरे को कम करने में मदद करने के लिए पुन: प्रयोज्य पैकेजिंग जैसे समाधान लागू कर रहा है।

किसी भी एसएमई के लिएप्रभावी ईएसजी रणनीति बनाना कई रूपों में लाभदायक है। एक विशिष्ट उपभोक्ता-उन्मुख उद्यम द्वारा किए गए कुल ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन का 80% से अधिक उनके आंतरिक परिचालन से होता हैजो बड़े पैमाने पर विनिर्माण और उनकी आपूर्ति श्रृंखलाओं में कहीं और से आता है।[1] श्रृंखला में कनेक्टर्स के रूप मेंरसद प्रदाताओं को उपभोक्ता अपेक्षाओं का ध्यान रखते हुए व्यवसायों का धरती पर पड़ने वाले प्रभाव को कम करने के लिए भूमिका निभानी होगी।

ई-कॉमर्स सर्वेक्षण संबंधी अन्य जानकारी

हैरिस इंटरएक्टिव द्वारा जुलाई 2022 में ऑस्ट्रेलियाहांगकांगभारतजापानमलेशियाफिलीपींससिंगापुरदक्षिण कोरियाताइवानथाईलैंड और वियतनाम सहित 11 बाजारों में ऑनलाइन सर्वेक्षण किया गया था। 18 वर्ष से अधिक आयु के 500 उपभोक्ताओं (भारत में 1,000के साथ प्रत्येक बाजार में ई-कॉमर्स में लगे 250 से कम कर्मचारियों वाले 300 छोटे और मध्यम व्यवसायों पर सर्वेक्षण किया गया। पूरी रिपोर्ट देखने के लिएयहाँ क्लिक करें। ends GNI SG

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